
शहडोल. परिवहन विभाग में पारदिर्शता के लिए अधिकांश सेवाओं को फेसलेस किया गया है, लेकिन इनका लाभ लोगों को नहीं मिल पा रहा है। क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय में ऐसी सुविधाएं महज कोरम पूर्ति तक ही सीमित हैं। कार्यालय में न तो यह सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए पर्याप्त स्टॉफ है और न ही समुचित सुविधाएं। स्थिति यह है कि कार्यालय में प्यून फोटो खींचते हैं और ऑनलाइन सेवा का काम देखते हैं। ऑनलाइन सेवा के लिए कार्यालय में नेट सुविधा उपलब्ध नहीं है, कर्मचारियों को अपने मोबाइल से कम्प्यूटर को कनेक्ट करना पड़ता है, इसके बाद ही आगे का काम हो पाता है। सुबह से लेकर शाम तक एजेंटों का डेरा जमा रहता है। ऐसे में परिवहन विभाग की सेवाओं में पारदर्शिता को लेकर सवाल खड़े हो रहे हैं। परिवहन कार्यालय में व्याप्त इन समस्याओं व अव्यवस्थाओं को देखने सुनने वाला कोई नहीं है।
परिवहन विभाग का संचालन महज चार कर्मचारियों के भरोसे हो रहा है। इनमें दो बाबू और दो चपरासी पदस्थ हैं। लाखों की बिल्डिंग में महज दो से तीन कमरो में पूरा कार्यालय संचालित हो रहा है। इसके अलावा अन्य कक्षों में ताला लटका हुआ है। पूरा का पूरा कार्यालय अव्यवस्था की चपेट में है। रेकॉर्ड रूम में दस्तावेज बिखरे पड़े हैं। टेस्ट रूम और स्मार्ट कार्ड रूम में ताला लटक रहा है। कार्यालय में कर्मचारियों से ज्यादा एजेंटों और बिचौलियों का जमावड़ा लगा रहता है। ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाले लोगों को बहला फुसलाकर यह उन्हे अपने झांसे में ले लेते हैं।
परिवहन कार्यालय में नेट सेवा लंबे समय से ठप है। बताया जा रहा है कि आकाशीय बिजली की वजह से पूरा सिस्टम फेल हो गया था। इसके बाद इसे सुधरवाने कोई प्रयास नहीं किए गए हैं। बताया जा रहा है कि नेट सर्विस शुरु करने में 3-4 लाख रुपए खर्च होंगे, इसके चलते अधिकारियों ने इस दिशा में कोई प्रयास ही नहीं किए। बिना नेट सर्विस के ही कार्यालय का संचालन हो रहा है। कर्मचारियों को अपने मोबाइल से कम्प्यूटर को कनेक्ट करना पड़ता है। मोबाइल से सिस्टम कनेक्ट न हो तो दूर दराज से लाइसेंस व अन्य कार्य के लिए आने वालों को निराश होकर लौटना पड़ेगा। नेट सर्विस के लिए विभागीय अधिकारी स्मार्ड कार्ड सेवा प्रारंभ होने का इंतजार कर रहे हैं।
परिवहन विभाग के अधिकारियों का दावा है कि लाइसेंस व फिटनेस को छोडकऱ सभी प्रकार की फेसलेस सेवाएं उपलब्ध कराई जा रही हंै। कार्यालय आने वाले लोगों को सुविधाओं का लाभ मिले इसके लिए हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं। स्टॉफ की समस्या बनी हुई है। बैठकों, पेशी व अन्य कार्यों की वजह से स्टॉफ को बाहर जाना पड़ता है। इस वजह से कार्यालय में अधिकारी कर्मचारी कम उपस्थित रहते हैं।
परिवहन कार्यालय में सेवाओं को पारदर्शी बनाने व लोगों को बिचौलियों से बचाने फेसलेस सेवाएं प्रारंभ की गई थी। कार्यालय में इनका प्रभावी क्रियान्वयन न होने से एजेंटों व बिचौलियों की सक्रियता कम नहीं हुई। कार्यालय के सामने परिवहन सलाहकार के नाम पर 10-12 दुकानें संचालित हो रही हैं। इनका पूरा दिन परिवहन कार्यालय में आना जाना बना रहता है।
इनका कहना है
इंटरनेट की समस्या का जल्द ही निराकरण हो जाएगा, ड्राइविंग लाइसेंस व फिटनेस को छोडकऱ सभी फेसलेस सेवाओं का लाभ दिया जा रहा है। स्टॉफ की कमी होने से समस्या हो रही है। स्मार्ट कार्ड सेवा के लिए टेण्डर हो गया है, यह सेवा फिर से शुरू होगी। इससे लोगों को सहूलियत होगी।
अनपा खान, जिला परिवहन अधिकारी शहडोल
Published on:
29 Nov 2025 12:03 pm
बड़ी खबरें
View Allशहडोल
मध्य प्रदेश न्यूज़
ट्रेंडिंग
