30 नवंबर 2025,

रविवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

मेरी खबर

icon

प्लस

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

Paddy Procurement : ऑफलाइन टोकन पाने किसान कर रहे रतजगा, ऋण पुस्तिका की लगा रहे कतार

समर्थन मूल्य पर धान की खरीदी शुरू हो चुकी है। भले ही जिला प्रशासन दावा कर रहा है कि किसानों को टोकन लेने के लिए कोई परेशानी नहीं हो रही है।

3 min read
Google source verification
समर्थन मूल्य पर धान की खरीदी शुरू हो चुकी है। भले ही जिला प्रशासन दावा कर रहा है कि किसानों को टोकन लेने के लिए कोई परेशानी नहीं हो रही है।

बालोद जिले में समर्थन मूल्य पर धान की खरीदी शुरू हो चुकी है। भले ही जिला प्रशासन दावा कर रहा है कि किसानों को टोकन लेने के लिए कोई परेशानी नहीं हो रही है। लेकिन हकीकत कुछ और ही है। जिले में कई किसान ऑनलाइन टोकन ले रहे है लेकिन इसमें भी नेटवर्क की दिक्कतें आ रही हैं। वहीं दूसरी ओर कई धान खरीदी केंद्रों में ऑफ लाइन टोकन जारी नहीं किया जा रहा था। किसानों को हो रही परेशानियों को देखते हुए कई सेवा सहकारी समितियों ने ऑफलाइन टोकन जारी करना शुरू कर दिया है।

देर रात तक किसानों ने अपनी ऋण पुस्तिका को रख दिया

विगत दिवस जिले के सेवा सहकारी समिति पोंडी में तो सैकड़ों किसानों की भीड़ लग गई। किसानों ने ऑफलाइन टोकन के लिए अपनी ऋण पुस्तिका को लेकर सेवा सहकारी समिति के सामने ही देर शाम को बैठ गए। वहीं देखते ही देखते किसानों की भीड़ लग गई और देर रात तक किसानों ने अपनी ऋण पुस्तिका को रख दिया। वहीं शनिवार सुबह 11 बजे जिन किसानों की ऋण पुस्तिका व पर्चा पहले जमा हुआ था। उन सभी का रजिस्टर में नाम दर्ज किया गया और अब उन्हें दिन व रकबा के हिसाब से ऑफ लाइन टोकन दिया जाएगा।

इसलिए बन रही टोकन के लिए भीड़ की स्थिति

दरअसल शासन ने 31 जनवरी तक समर्थन मूल्य पर धान खरीदने की योजना बनाई है। लेकिन वर्तमान में कई किसानों ने धान की कटाई व मिंजाई भी शुरू कर दी है। किसान जितना जल्दी हो सके धान बेचना चाह रहे हैं। इसी वजह से टोकन के लिए मारामारी हो रही है। धान खरीदी का रकबा भी समितियों ने अभी तक नहीं बढ़ाया है। धान की खरीदी प्रतिदिन सीमित व कम होने के कारण भी दिक्कत हो रही है।

यह भी पढ़ें :

जमीन लेना हुआ महंगा : झलमला-सिवनी में सड़क किनारे एक हेक्टेयर की जमीन पौने दो करोड़

60 प्रतिशत ऑनलाइन व 40 प्रतिशत ऑफलाइन टोकन जारी करने के हैं नियम

धान खरीदी के लिए किसानों को 60 प्रतिशत टोकन ऑनलाइन व 40 प्रतिशत टोकन ऑफलाइन देने का भी नियम है। लेकिन यहां कई समितियों में ऑफलाइन टोकन हाल ही में जारी करना शुरू किया गया है। वहीं अधिकारियों का यह कहना है कि 31 जनवरी तक हर हाल में सभी किसानों की धान की खरीदी पूरी हो जाएगी।

अब तक 18 हजार किसानों ने बेचा 8 लाख 28 सौ क्विंटल धान

जिला सहकारी केंद्रीय बैंक के मुताबिक जिले में कुल 1 लाख 56 हजार 822 पंजीकृत किसान है, जिसमें से अभी तक कुल 17 हजार 976 किसानों ने 8 लाख 2860 क्विंटल धान बेचा है। वहीं इस दिसंबर माह से धान खरीदी की लिमिट बढ़ाई जाएगी। इससे धान की खरीदी में तेजी आएगी।

यह भी पढ़ें :

बेहतर स्वास्थ्य सुविधाओं से शिशु मृत्य दर में आई कमी

धान खरीदी के दो सप्ताह पूरे पर धान परिवहन शुरू नहीं

जिले के 122 सेवा सहकारी समितियों के 143 धान खरीदी केंद्रों में धान की खरीदी तो शुरू हो चुकी है। अब कब धान परिवहन शुरू किया जाएगा। इस बारे ने अभी कोई जानकारी नहीं दी जा रही है। हालांकि जिले के सभी धान संग्रहण केंद्रों को तैयार किया जा रहा है। उम्मीद यही है कि धान परिवहन दिसंबर माह के पहले सप्ताह में शुरू हो जाए।

कभी-कभी सर्वर की दिक्कत हो जाती है

जिला सहकारी केंद्रीय बैंक के नोडल अधिकारी चिंताराम रावटे ने कहा कि जिले के सभी धान खरीदी केंद्रों में धान की खरीदी सुचारू रूप से चल रही है। ऑनलाइन टोकन भी आसानी से कट रहे हैं। हालांकि कभी-कभी सर्वर की दिक्कत हो जाती है लेकिन व्यवस्था ठीक है। 31 जनवरी तक सभी पंजीकृत किसानों की धान खरीदी कर ली जाएगी।